सरल समाज एवं जटिल समाज9

जटिल समाजों में श्रम विभाजन होता है यह समाज बड़े होते हैं जहां पर लोगों के मध्य संबंध सरल नहीं जटिल होते हैं धर्म का महत्व काफी कम होता है जैसे औद्योगिक समाज, पूंजीवादी समाज, नगरीयवाद समाज, शहरीकरण सभ्यताएं आदि जटिल समाज के उदाहरण हैं सरल समाजों में श्रम विभाजन नहीं होता है समाज ज्यादा बड़े न होकर छोटे छोटे होते हैं जहां धर्म का महत्व होता है जहां पर संबंध सरल होते हैं जैसे कृषक समाज ,कबीले ,शिकारी टोलियां ,संग्रहकर्ता ,चरवाहे ,गैर औद्योगिक सभ्यताएं आदि सरल समाज के उदाहरण हैं
मिश्रित समाज :-वे समाज जो आकार में बड़े होते हैं जहां संबंध सरल नहीं बल्कि जटिल होते हैं जहां हर क्षेत्र में श्रम विभाजन होता है  धर्म का महत्व काफी कम होता है उन्हें मिश्रित समाज कहते हैं

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